Poetry, Poetry (English)

Born free

No I don’t want acceptance 

But I ask for the liberty to be me 

for there is a lot to bind me in 

and a few to set me free ;

Living my dream every moment

for the day to find them wing

I do feel the restless beat 

amidst the long held blink.

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Poetry, Poetry (Hindi)

पिता

बिन  मांगे दिया सब कुछ 
फिर भी खत्म कभी ज़रुरतें ना हुईं 
माँ की ममता को समझा सभी ने 
पिता के दिल की कभी बात ही ना हुईं 
 
पिता हैं वो आंसू बहा कैसे देते 
सख्त ना होते अगर 
तो अनुशासान क्या कभी सिखा वो पाते 
समझ नहीं थी तब ,उन्हे जान ना पाये 
वो भी छुपा जाते थे आंसु, प्यार कभी ज़ता ना पाये 
 
बच्चों से जुडे उनके भी सपने हैं 
टूटे जो नन्हे  ख्वाब कभी
वो दर्द भी पापा ने माने अपने हैं 
हैं वो तो हिम्मत बच्चों की है 
वो है तो ज़िन्दा उनके ख्वाब हैं 
हैं वो तो सिमटे हैं दर्द अभी 
वो हैं तो कांटे हैं दूर सभी 
 
जो किया उन्होने, कोई कर ना पायेगा 
प्यार उनसा कोई  कभी दे ना पायेगा 
जो सब कुछ लुटाकार भी 
तुम्हारी खुशियां ही मांगे 
ऐसा कोई कभी मिल ना पायेगा
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Poetry (Hindi)
शिकायत नहीं मुझे रुठने से तेरे 
मगर हैरान हूँ कि एक हक जताने से  कैसे 
रिश्तों के मायने बदल जाते हैं 
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Poetry (Hindi)
जी आपको भरोसा कैसे दिला दें 
हम तो खुद से भी दगा करते हैं 
मुँह मोड के निकले थे जिन गलियों से कभी 
वहीं चुपके से राह तका करते हैं 
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